यह पुस्तक में पहली लोकसभा से लेकर 16वीं लोक सभा के लिए चुने गए प्रधानमंत्रियों की जीवनी पर फोकस किया गया है। इनके नजरिये से भारत की क्रमिक विकास पर नजर डाली गई है। विशेषकर राजनीतिक बदलाव की तस्वीर पेश की गई है। हमने किसी भी प्रधानमंत्री को उनके कार्यकाल और लंबे समय के शासन से आंकने की कोशिश नहीं की है। हमने उनके कार्यों के आधार पर अपनी कलम चलाई है।
यह पुस्तक में पहली लोकसभा से लेकर 16वीं लोक सभा के लिए चुने गए प्रधानमंत्रियों की जीवनी पर फोकस किया गया है। इनके नजरिये से भारत की क्रमिक विकास पर नजर डाली गई है। विशेषकर राजनीतिक बदलाव की तस्वीर पेश की गई है। हमने किसी भी प्रधानमंत्री को उनके कार्यकाल और लंबे समय के शासन से आंकने की कोशिश नहीं की है। हमने उनके कार्यों के आधार पर अपनी कलम चलाई है।